
बडगाम में ऑपरेशन कोराग: लश्कर आतंकी हाशिम मूसा का शव बरामद, हथियार भी मिले
जम्मू-कश्मीर के बडगाम में सुरक्षा बलों के ऑपरेशन कोराग के दौरान लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े मोहम्मद आसिफ उर्फ हाशिम मूसा को मार गिराया गया। 30 सितंबर की सुबह पालमैदान इलाके में तलाशी के दौरान उसका शव और युद्ध जैसी सामग्री बरामद की गई। ऑपरेशन में सेना के साथ जम्मू-कश्मीर पुलिस और CRPF शामिल रहे।

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जम्मू-कश्मीर के बडगाम जिले में सुरक्षा बलों के ऑपरेशन कोराग में लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े मोहम्मद आसिफ उर्फ हाशिम मूसा को मार गिराया गया। सेना के मुताबिक 30 सितंबर की सुबह पालमैदान इलाके में चलाए गए तलाशी अभियान के दौरान उसका शव बरामद हुआ। मौके से युद्ध जैसी सामग्री भी मिली है।
खुफिया सूचना के बाद शुरू हुआ था ऑपरेशन
सुरक्षा बलों ने बडगाम के यूसमर्ग क्षेत्र के कोराग इलाके में विशेष खुफिया सूचना के आधार पर संयुक्त तलाशी अभियान शुरू किया था। ऑपरेशन में भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और CRPF की टीमें शामिल थीं।
सेना के मुताबिक तलाशी के दौरान जवानों ने संदिग्ध गतिविधि देखी। चुनौती दिए जाने पर आतंकियों की ओर से गोलीबारी की गई, जिसके बाद सुरक्षा बलों ने जवाबी कार्रवाई की। मुठभेड़ में एक आतंकी मारा गया। इसके बाद आसपास के इलाके में तलाशी जारी रखी गई।
सुबह हुई हाशिम मूसा की पहचान
30 सितंबर की सुबह पालमैदान इलाके में तलाशी के दौरान शव बरामद किया गया। सुरक्षा बलों ने उसकी पहचान पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े मोहम्मद आसिफ उर्फ हाशिम मूसा के रूप में की। उसके पास से युद्ध जैसी सामग्री भी बरामद होने की जानकारी सेना ने दी।
हाशिम मूसा जम्मू-कश्मीर में कई आतंकी घटनाओं के सिलसिले में सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी में था। अधिकारियों के अनुसार उसका नाम अप्रैल 2025 के पहलगाम आतंकी हमले की जांच में भी सामने आया था। उस हमले में 26 लोगों की मौत हुई थी।
इलाके में तलाशी अभियान जारी
बडगाम और यूसमर्ग का पहाड़ी और वन क्षेत्र सुरक्षा बलों के लिए चुनौतीपूर्ण माना जाता है। मुठभेड़ के बाद भी इलाके में अन्य संदिग्धों की मौजूदगी की आशंका को देखते हुए तलाशी अभियान जारी रखा गया।
हाशिम मूसा की मौत को सुरक्षा एजेंसियों के लिए महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है, हालांकि उसके खिलाफ अलग-अलग मामलों में लगाए गए आरोपों और उसकी भूमिका से जुड़े विवरण संबंधित जांच एजेंसियों के रिकॉर्ड के आधार पर ही देखे जाने चाहिए।


